परवल और हरे धनिया की पत्तियों की समान मात्रा (20 ग्राम प्रत्येक) लेकर कुचल लिया जाए और एक पाव पानी में रात भर के लिए भिगोकर रख दिया जाए, सुबह इसे छानकर तीन हिस्से कर प्रत्येक हिस्से में थोड़ा सा शहद डालकर दिन में 3 बार रोगी को देने से पेट के कीड़े मर हो जाते हैं।
पाचन शक्ति को बढ़ाता है|
परवल का जूस तैयार कर लिया जाए और इसमें थोड़ी मात्रा में सौंफ और हींग का पिसा हुआ चूर्ण मिला लिया जाए और सेवन किया जाए तो मोटापा दूर होने लगता है। परवल का ताजा तैयार जूस ताकत और ऊर्जा देता है।
परवल में फाइबर की भारी मात्रा पायी जाती है , जो की पाचन शक्ति को बढ़ाता है | गेस और जिगर से सम्बंधित परेशानी को सही करता है।
शिर दर्द होने पर परवल पत्तियों को तोड़कर उनका भी रस तथा जड़ों का रस भी सरदर्द में राहत दिलाता है।
कब्ज़ का इलाज करता है
परवल में जो बीजे पाये जाते है वह मल को आराम पहुचाते है और कब्ज़ की तकलीफ दूर करते है।
अपचन या किसी वजह से पेट की सफाई जरूरी हो तो परवल की जड़ों को पानी में उबालकर एक गिलास मात्रा का रस दिया जाए तो पेट की सफाई हो जाती है, इसकी जड़े वास्तव में विरेचक होती है। इसका सेवन रात को सोने से पहले करना चाहिए।

परवल की सब्जी खाने से पेट की सूजन दूर हो जाती है, जिन लोगों को अक्सर पेट में पानी भर जाने की शिकायत हो उनके लिए परवल वरदान है।
रक्त शर्करा और रक्तवसा पर नियंत्रण
जब आप परवल खाएं तो उसका बीज न फेकें , वह रक्त शर्करा को नियंत्रित करते है , जो के रक्तवसा को काम करने में मदद करता है |
परवल के पत्तों को पीसकर मवाद युक्त फोड़ों, फुन्सियों और घावों पर लेप करने से ये जल्दी सूख जाते हैं। अगर शरीर में फोड़े -फुंसियां हो जाएं तो कम मसालों से तैयार की गई परवल की सब्जी को पंद्रह दिनों तक लगातार खाया जाए तो आराम मिल जाता है।
वजन काम करने में सहायक
पावल में कैलोरीज कम पायी जाती है। तो कोई भी बे झिझक परवल खा के अपना वजन कम कर सकता है। यह पेट को साफ़ करता है।
परवल के पके फल खाने से त्वचा के सभी रोग नष्ट हो जाते है। परवल का अचार तैयार करते हैं, परवल का अचार स्वादिष्ठ होने के साथ- साथ सेहत के लिए गजब फायदेमंद होता है।
रक्त साफ़ करता है

परवल खाने से खून साफ़ भी साफ़ होता है। आयुर्वेद के अनुसार परवल कफ नियंत्रण करने के लिए असरदार है। यह हमारे रक्त , मांस और चेहरे को साफ़ रखती है।
फ्लू कम करता है
आयुर्वेद के अनुसार परवल रोग से लड़ने में मदत देता है। यह एक दवा की तरह फ्लू, गले की परेशानी , और बुखार को ठीक करता है।
बढ़ती उम्र
जैसे हमारी उम्र बढ़ती है झाइयां और रेखाएं नज़र आने लगती है। परवल अपने एंटीऑक्सीडेंट , विटामिन A और C बढ़ती उम्र के लक्षणों से लड़ता है और कम करता है।

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